संदेश

फ़रवरी, 2024 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

रंगमंच

रंगमंच   - - नायक ,  महानायक ,  खलनायक   अपनी - अपनी   भूमिका   में   अति   व्यस्त   हैं ; किराये   के   खिलाड़ियों   से   भरी   सभा   है ,  लेखक ,  पत्रकार ,  साहित्यकार   आँखों   की   पुतली ,  तन्मय   कठपुतली   बनने   में   तुले   हैं ,  विशेषज्ञ ,  सर्वज्ञ   अपनी   अदाओं   में   मत्त ,  मस्त   हैं ; भिन्न - भिन्न   भंगिमाओं   के   बीच   तालियाँ ,  अठखेलियाँ   जारी   हैं ,  हँसती ,  खेलती ,  खिलखिलाती   चेतनाओं   के   हार्दिक   जमघट   में   न्याय ,  पत्र ,  पुरस्कार   आयोजित   हैं ,  प्रायोजित   हैं !  बेचारी   जनता   के   पास न   कोई   रंग ,  न   मंच   है , यही   उसका   जीवन , उसके   जीवन   का   अनोखा   रंगमंच   है !  सत...

एक सभ्यता, एक यात्रा

एक   सभ्यता ,  एक   यात्रा   कुछ   चेहरे   हम   पाते   रहे , कुछ   चेहरे   हम   पहनते   रहे ! एक   पूरा   युग   बीत   गया ; जाने - अनजाने ,  देखे - अनदेखे हमारे   चेहरे   पर   असंख्य   चेहरे   जमते   रहे !  चेहरे   पर   चेहरे   चढ़ते   रहे !! लोगों   ने   कहा  -  यह   सभ्यता   है , कुछ   लोगों   ने   बताया  -  यह   यात्रा   है !  — सतीश   28  दिसम्बर , 2023.