आदित्य-यात्रा !
“आदित्य-यात्रा” !
चाँद पर चढ़ूँ, सूर्य को पढ़ूँ!
हर क्षण, हर दिन उपलब्धियों का
नया मान, नया चित्र, नया मानचित्र गढ़ूँ!
इति नहीं, यह नया-नया अथ है,
नये भारत का नया सम्पन्न पथ है!
नेति, नेति!
चरैवेति, चरैवेति!
- सतीश
सितम्बर 2, 2023
“आदित्य-यात्रा” !
चाँद पर चढ़ूँ, सूर्य को पढ़ूँ!
हर क्षण, हर दिन उपलब्धियों का
नया मान, नया चित्र, नया मानचित्र गढ़ूँ!
इति नहीं, यह नया-नया अथ है,
नये भारत का नया सम्पन्न पथ है!
नेति, नेति!
चरैवेति, चरैवेति!
- सतीश
सितम्बर 2, 2023
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